“शिक्षा सबसे बड़ा दान है, इसे पूर्ण समर्पण के साथ दें” — कलेक्टर श्रीमती लीना कमलेश मंडावी,परीक्षा परिणामों में सुधार और शिक्षा गुणवत्ता पर जोर — कलेक्टर ने प्राचार्यों और व्यायाम शिक्षकों की ली समीक्षा बैठक

खराब परीक्षा परिणामों पर जताई नाराजगी, सुधार के दिए निर्देश

शिक्षकों को गैर-शैक्षणिक कार्य से मुक्त रखने के निर्देश



गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही


जिले में शैक्षणिक गुणवत्ता को बेहतर करने और आगामी बोर्ड परीक्षाओं में उत्कृष्ट परिणाम लाने के उद्देश्य से कलेक्टर श्रीमती लीना कमलेश मंडावी ने आज मल्टीपरपज स्कूल पेण्ड्रा के असेम्बली हॉल में सभी हाई और हायर सेकंडरी स्कूलों के प्राचार्यों और व्यायाम शिक्षकों की बैठक ली। इस दौरान उन्होंने सत्र 2024–25 में 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाओं के कमजोर परिणामों पर गहरी नाराज़गी जाहिर की और अगले सत्र 2025–26 के लिए ठोस कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए।



खराब परीक्षा परिणामों पर जताई नाराजगी, सुधार के दिए निर्देश

बैठक में कलेक्टर मंडावी ने विकासखण्डवार और विद्यालयवार बोर्ड परीक्षा परिणामों की समीक्षा की। उन्होंने खराब प्रदर्शन वाले स्कूलों की पहचान कर सुधारात्मक कदम उठाने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि शिक्षा सिर्फ दायित्व नहीं बल्कि नैतिक जिम्मेदारी है, जिसे हर शिक्षक को गंभीरता से निभाना होगा।

प्राचार्यों को दिए सख्त निर्देश: अनुशासन, उपस्थिति, यूनिट टेस्ट अनिवार्य

कलेक्टर ने प्राचार्यों से कहा कि वे केवल अपने कार्यालय तक सीमित न रहें बल्कि स्वयं कक्षा में जाकर पढ़ाएं। उन्होंने सभी प्राचार्यों को निर्देशित किया



अनुशासन में रहें और अधीनस्थ शिक्षकों को भी अनुशासित रखें।

समय का पालन करें और 100% उपस्थिति सुनिश्चित करें।

सिलेबस के अनुसार पाठ्यक्रम समय पर पूर्ण करें।

नियमित रूप से यूनिट टेस्ट लें।

कमजोर विद्यार्थियों के लिए अतिरिक्त कक्षाएं संचालित करें।


उन्होंने यह भी कहा कि 10वीं और 12वीं कक्षा के विद्यार्थी किसी भी स्थिति में अनुपस्थित नहीं रहने चाहिए, उनके पालकों से संपर्क कर उपस्थिति सुनिश्चित की जाए।

शिक्षकों को गैर-शैक्षणिक कार्य से मुक्त रखने के निर्देश

बैठक में कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी और खण्ड शिक्षा अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शिक्षकों को बिना अनुमति किसी भी गैर-शैक्षणिक कार्य में संलग्न न किया जाए। यदि अनिवार्य हो, तो शासन से पूर्व अनुमोदन लिया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि लापरवाह और अनुशासनहीन शिक्षकों के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई प्रस्तावित की जाएगी।



इको क्लब, पौधरोपण व जाति प्रमाण पत्र को लेकर भी दिए निर्देश

बैठक के दौरान कलेक्टर ने सभी स्कूलों को निर्देशित किया कि:

“एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत लगाए गए पौधों की जानकारी पोर्टल पर दर्ज की जाए।



प्रत्येक स्कूल में इको क्लब का गठन कर उसकी जानकारी अपलोड की जाए।
सभी छात्रों के जाति प्रमाण पत्र शीघ्र बनवाए जाएं। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सुरेन्द्र प्रसाद वैद्य, जिला शिक्षा अधिकारी रजनीश तिवारी, सभी खण्ड शिक्षा अधिकारी, स्कूल प्राचार्य एवं व्यायाम शिक्षक उपस्थित रहे।

Akhilesh Namdeo

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