बाल गंगा प्रहरी योजना जिले की नदियों के संरक्षण लिए मील का पत्थर साबित होगी -रजनीश तिवारी जिला शिक्षा अधिकारी
जिले में हुई बाल गंगा प्रहरी कार्यक्रम की शुरुआत
भारतीय वन्यजीव संस्थान देहरादून एवं राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन की अभिनव पहल

गौरेला पेंड्रा मरवाही
बाल गंगा प्रहरी कार्यक्रम गंगा नदी के संरक्षण के लिए प्रारंभ की गई है परंतु यह कार्यक्रम नदियों की बहुलता वाले गौरेला पेंड्रा मरवाही जिले के लिए मील का पत्थर साबित होगी।
उक्त बातें जिले के शिक्षा अधिकारी रजनीश तिवारी ने जिला मुख्यालय स्थित स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम विद्यालय सेमरा में भारतीय वन्यजीव संस्थान देहरादून एवं राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन द्वारा आयोजित बाल गंगा प्रहरी कार्यक्रम के शुरुआत अवसर पर व्यक्त किये। उन्होंने कहा कि गंगा नदी की सहायक सोन नदी के संरक्षण के लिए बाल गंगा प्रहरी काम करेंगे जो हमारे जिले के उन स्कूलों से चुने जाएंगे जहां-जहां से जिले में सोन नदी का प्रवाह है।

इसके पूर्व जिला शिक्षा अधिकारी ने फीता काटकर बाल गंगा प्रहरी कार्यक्रम की शुरुआत की। इस अवसर पर टीम के मुख्य सदस्य एवं वैज्ञानिक दानिश कलीम द्वारा बाल गंगा प्रहरी योजना कार्यक्रम के बारे में विस्तार से बताया। इस अवसर पर टीम द्वारा विकसित एक बाल गंगा प्रहरी कॉर्नर, बाल गंगा प्रहरी कार्यक्रम के तहत स्थापित वॉल प्रदर्शनी बच्चों के लिए बनाई गई थी जिसका सभी ने अवलोकन किया।

यह कॉर्नर नदी गंगा और सोन की जैव विविधता के विषय पर विकसित किया गया है, जिसमें इंटरैक्टिव प्रदर्शन, चित्र और प्रजातियों की तस्वीरें हैं जो क्षेत्रीय जैव विविधता को उजागर करती हैं। यह केंद्र आसपास के स्कूलों के लिए जन जागरूकता पैदा करने के लिए एक नोडल केंद्र के रूप में भी कार्य करेगा।

इस अवसर पर डीएसपी मुख्यालय निकिता तिवारी तिवारी द्वारा इस कार्यक्रम की प्रशंसा करते हुए कहा कि निश्चित रूप से नई पीढ़ी को नदियों के महत्व से जोड़ा जा रहा है। एस डी ओ पी निकिता तिवारी ने वहां उपस्थित बच्चों को साइबर क्राइम एवं सड़क सुरक्षा जीवन रक्षा के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। कार्यक्रम अवसर पर उपस्थित नदी विशेषज्ञ अक्षय नामदेव ने बच्चों को जिले की नदियों उनके प्रवाह क्षेत्र उनकी सहायक नदियों और बेसिन तथा नदियों के पौराणिक भौगोलिक आध्यात्मिक महत्व को विस्तार से बताया।

बाल गंगा प्रहरी योजना अवसर पर जनपद गौरेला की सीईओ शूभ्रा मिश्रा ने बच्चों को इस मिशन से जुड़ने के लिए बधाई दी। आत्मानंद विद्यालय के प्राचार्य डॉ नरेंद्र तिवारी ने जिले एवं अपने विद्यालय को इस मिशन से जोड़ने के लिए टीम का आभार माना। इस अवसर पर समाजसेवी मोतीचंद जैन , डाइट के सहायक अध्यापक वनमाली प्रसाद वासुदेव एवं अरपा बचाओ संघर्ष समिति के संरक्षक रामनिवास तिवारी ने भी बच्चों को संबोधित किया।

कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों द्वारा सरस्वती मां की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन के साथ किया गया।वन्यजीव संस्थान ऑफ इंडिया के शोधकर्ता, दानिश कलीम, अंशुल भावसार और विद्यालय के स्टाफ गणमान्य व्यक्ति भी इस कार्यक्रम में उपस्थित थे। अतिथियों ने मिशन से जुड़ने वाले बच्चों को उनके क्रियाकलाप के लिए पुरस्कृत भी किया। कार्यक्रम का संचालन बाजार डॉ नरेंद्र तिवारी ने किया एवं आभार प्रदर्शन व्याख्याता तीरथ प्रसाद बड़गैया ने किया।

