भारत में धर्म हमेशा से ही समाज और राजनीति (शासन व्यवस्था) से संबंधित विमर्श के
नस्लीय भेदभाव आज 21 वी शदी में भी अपने चरम पर है. सभ्यता का सीधा
आज बात एक ऋषि और कैंची धाम की. यू तो भारत, भूमी पर समय समय
कहते हैं ,राजनीति वक्त और मेहनत मांगती है और राजनीति किसी के बाप की बपौती
धर्म हमेशा से विवादों का विषय रहा है खासकर इस्लाम. इस्लाम की बादशाहत को लेकर
चेन्नई। तमिलनाडु में राज्य द्वारा संचालित टीएएसएमएसी ने शराब की 500 खुदरा दुकानों को बंद
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) द्वारा सर्कुलेशन से 2000 रुपये के बैंक नोटों को वापस लेने
